महिला दिवस पर CM योगी का बड़ा ऐलान!: मेधावी बेटियों को जल्द मिलेगी स्कूटी, शुरू होगी 'लक्ष्मीबाई स्कूटी योजना', वहीं फ्री हॉस्टल...जानें किन छात्राओं को मिलेगा फायदा?
महिला दिवस पर CM योगी का बड़ा ऐलान!

लखनऊ : उत्तर प्रदेश में बेटियों को आत्मनिर्भर बनाने की दिशा में सरकार ने एक और बड़ा कदम उठाया है। अंतरराष्ट्रीय महिला दिवस के मौके पर मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने मेधावी छात्राओं के लिए नई योजना की घोषणा की है। सरकार जल्द ही ‘लक्ष्मीबाई स्कूटी योजना’ शुरू करने जा रही है, जिसके तहत राज्य की मेधावी बेटियों को स्कूटी दी जाएगी। इस योजना का लाभ पहले चरण में स्नातक और परास्नातक (ग्रेजुएशन और पोस्ट ग्रेजुएशन) के अंतिम वर्ष में पढ़ने वाली छात्राओं को मिलेगा।

महिला दिवस कार्यक्रम में हुई घोषणा

आपकी जानकारी के लिए बता दें कि मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने यह घोषणा लखनऊ स्थित इंदिरा गाँधी प्रतिष्ठान में आयोजित राज्यस्तरीय महिला दिवस कार्यक्रम के दौरान की। इस अवसर पर उन्होंने विभिन्न सरकारी योजनाओं की लाभार्थी महिलाओं को सम्मानित किया और पिंक रोजगार महाकुंभ-2026 का शुभारंभ भी किया। कार्यक्रम में महिला सशक्तिकरण से जुड़ी योजनाओं और उपलब्धियों को भी प्रस्तुत किया गया।

मेधावी बेटियों को मिलेगा सीधा लाभ

गौरतलब है कि मुख्यमंत्री ने कहा कि सरकार का लक्ष्य है कि प्रदेश की बेटियां पढ़ाई के साथ-साथ आत्मनिर्भर भी बनें। इसी उद्देश्य से लक्ष्मीबाई स्कूटी योजना शुरू की जा रही है। इस योजना के तहत स्नातक और परास्नातक की मेधावी छात्राओं को स्कूटी दी जाएगी। पहले चरण में फाइनल ईयर की छात्राओं को प्राथमिकता मिलेगी। योजना का उद्देश्य बेटियों की शिक्षा और रोजगार तक पहुंच को आसान बनाना है। सरकार का मानना है कि इससे छात्राओं को कॉलेज आने-जाने में सुविधा होगी और उच्च शिक्षा को बढ़ावा मिलेगा।

महिलाओं के लिए नई योजनाओं का भी ऐलान

विदित है कि मुख्यमंत्री ने बताया कि इस बार राज्य के बजट में युवा, महिला, किसान और गरीब को केंद्र में रखा गया है। महिलाओं को आर्थिक रूप से मजबूत बनाने के लिए कई नई योजनाएं भी शुरू की जा रही हैं, जैसे:

  • महिला उद्यमियों के लिए विशेष विपणन योजना

  • स्वयं सहायता समूहों के उत्पादों को बाजार तक पहुंचाने की व्यवस्था

  • गांव और न्याय पंचायत स्तर पर विपणन केंद्र

  • महिलाओं को गारंटी और ब्याज मुक्त ऋण की सुविधा

सरकार का कहना है कि इन योजनाओं से ग्रामीण और शहरी दोनों क्षेत्रों की महिलाओं को रोजगार और व्यापार के नए अवसर मिलेंगे।

2017 के बाद बदली महिलाओं की स्थिति

मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कहा कि 2017 के बाद प्रदेश में महिलाओं की स्थिति में बड़ा बदलाव आया है। उन्होंने बताया कि पहले महिला कार्यबल की भागीदारी लगभग 13 प्रतिशत थी, जो अब बढ़कर करीब 36-37 प्रतिशत तक पहुंच गई है। सुरक्षा व्यवस्था में सुधार और मिशन शक्ति जैसे अभियानों के कारण अब बेटियां पढ़ाई और नौकरी के लिए अधिक आत्मविश्वास के साथ आगे बढ़ रही हैं।

वर्किंग वूमेन हॉस्टल का भी निर्माण

गौरतलब है कि सरकार कामकाजी महिलाओं की सुविधा के लिए कई शहरों में वर्किंग वूमेन हॉस्टल भी बना रही है। प्रत्येक हॉस्टल की क्षमता करीब 500 महिलाओं की होगी। इसके लिए इन शहरों में निर्माण कार्य जारी है:

  • वाराणसी

  • मेरठ

  • प्रयागराज

  • गोरखपुर

  • कानपुर

  • झांसी

  • आगरा

इसके अलावा अयोध्या, सहारनपुर, मुरादाबाद, बरेली, अलीगढ़ और मिर्जापुर में भी नए हॉस्टल बनाने की योजना है।

बेटियों की शिक्षा और सम्मान पर जोर

आपको बता दें कि मुख्यमंत्री ने अपने संबोधन में एक पुरानी घटना का जिक्र करते हुए कहा कि पहले कई गांवों में बेटियां बिना जूते-चप्पल के स्कूल जाती थीं। सरकार ने इस स्थिति को बदलने के लिए स्कूलों में पढ़ने वाले बच्चों को यूनिफॉर्म, बैग, किताबें, जूते-मोजे और स्वेटर देने की व्यवस्था शुरू की। आज स्थिति यह है कि लगभग सभी छात्राएं स्कूलों में आवश्यक सुविधाओं के साथ पढ़ाई कर रही हैं।

महिला सशक्तिकरण पर सरकार का फोकस

सरकार का कहना है कि महिलाओं की सुरक्षा, सम्मान और आत्मनिर्भरता के लिए लगातार योजनाएं चलाई जा रही हैं। मिशन शक्ति अभियान, स्वयं सहायता समूहों को बढ़ावा, स्टार्टअप में महिलाओं की भागीदारी, आवास और गैस योजनाओं का लाभ; इन योजनाओं के माध्यम से महिलाओं को सामाजिक और आर्थिक रूप से मजबूत बनाने की कोशिश की जा रही है।

महिला दिवस पर घोषित लक्ष्मीबाई स्कूटी योजना

लक्ष्मीबाई स्कूटी योजना उत्तर प्रदेश की बेटियों के लिए एक महत्वपूर्ण पहल मानी जा रही है। सरकार का दावा है कि इससे छात्राओं को शिक्षा, रोजगार और आत्मनिर्भरता की दिशा में आगे बढ़ने में मदद मिलेगी। अगर योजना जल्द लागू होती है तो हजारों मेधावी छात्राओं को इसका सीधा लाभ मिल सकता है।

अन्य खबरे