हरियाणा : हरियाणा में जमीन खरीदने का सपना देखने वालों के लिए बड़ी खबर है। 1 अप्रैल से राज्य में जमीन के कलेक्टर रेट में भारी बढ़ोतरी लागू होने जा रही है। प्रस्तावित बदलाव के मुताबिक कई शहरों में रेट 45% से लेकर 75% तक बढ़ सकते हैं, जिससे प्रॉपर्टी खरीदना आम लोगों के लिए और महंगा हो जाएगा।
क्या है कलेक्टर रेट और क्यों बढ़ रहे हैं?
आपकी जानकारी के लिए बता दें कि कलेक्टर रेट वह न्यूनतम कीमत होती है, जिस पर जमीन की रजिस्ट्री होती है। इसी के आधार पर स्टांप ड्यूटी और रजिस्ट्रेशन फीस तय होती है। सरकार का कहना है कि बाजार दर और सरकारी दर के बीच अंतर खत्म करने के लिए यह कदम उठाया गया है। लेकिन इसका सीधा असर खरीदार की जेब पर पड़ेगा
किन शहरों में सबसे बड़ा झटका?
गौरतलब है कि इस बार सबसे ज्यादा असर इन शहरों में देखने को मिलेगा -
गुरुग्राम
फरीदाबाद
पंचकूला
सोनीपत
झज्जर
हिसार
इन इलाकों में जमीन के दाम में रिकॉर्ड बढ़ोतरी प्रस्तावित है।
गुरुग्राम: 75% तक उछाल, करोड़ों में पहुंची जमीन
विदित है कि गुरुग्राम के द्वारका एक्सप्रेसवे से सटे बजघेड़ा गांव में कृषि भूमि 4.30 करोड़/एकड़ से बढ़कर 7.53 करोड़/एकड़ पहुंच गयी है। हिदायतपुर में रिहायशी जमीन ₹27,500 से बढ़कर ₹48,125 प्रति गज हो गयी है। कई कमर्शियल इलाकों में भी 75% तक उछाल है।
फरीदाबाद: सेक्टर और गांव दोनों में महंगाई
आपकी जानकारी के लिए बता दें कि फरीदाबाद के नीमका और फरीदपुर में रेट ₹18,000 से बढ़कर ₹31,500 प्रति गज हो गया है। सेक्टर-14 में रेट ₹58,000 से बढ़कर ₹92,800 प्रति गज हो गया है वहीं कुछ जगहों पर कीमतें ₹2 लाख प्रति गज के पार जाने की तैयारी है।
पंचकूला: सेक्टरों में बड़ा उछाल
आपको बता दें कि पंचकुला के सेक्टर 19, 27, 28, 31आवासीय रेट में 75% तक वृद्धि हो रही है। कमर्शियल सेक्टरों में भी भारी बढ़ोतरी हो रही है। कुछ सेक्टरों में 45% से 60% तक उछाल है।
हिसार और अन्य जिले: गांव से शहर तक असर
विदित है कि हिसार के अग्रोहा और अलीपुर में 73% तक बढ़ोतरी हो रही है। ग्रामीण इलाकों में 25% से 75% तक उछाल है वहीं शहरी क्षेत्रों में औसतन 15% वृद्धि है।
आम लोगों के लिए क्या बदलेगा?
•जमीन खरीदना पहले से ज्यादा महंगा
•स्टांप ड्यूटी और रजिस्ट्रेशन खर्च बढ़ेगा
•प्रॉपर्टी निवेश का बजट बढ़ाना पड़ेगा
यानी अब छोटा प्लॉट भी जेब पर भारी पड़ेगा।
आपत्ति दर्ज कराने का आखिरी मौका
गौरतलब है कि लोग अपने सुझाव और आपत्तियां तहसील और जिला मुख्यालय में दे सकते हैं। इसके बाद 1 अप्रैल से नए रेट लागू हो जाएंगे
क्यों अहम है ये फैसला?
आपको बता दें कि यह फैसला इसलिए भी अहम है क्योंकि यह सरकार के लिए राजस्व बढ़ाने का बड़ा कदम है। रियल एस्टेट मार्केट में नई हलचल आएगी। निवेशकों के लिए अवसर, लेकिन खरीदारों के लिए चुनौती होगी ।
हरियाणा में जमीन अब सिर्फ “जरूरत” नहीं, बल्कि “महंगा निवेश” बनने जा रही है। 1 अप्रैल के बाद हर रजिस्ट्री पर ज्यादा खर्च होगा। यानी अब प्लॉट खरीदने से पहले जेब का हिसाब जरूर लगा लें, क्योंकि जमीन के दाम आसमान छूने वाले हैं।