नई दिल्ली : गणतंत्र दिवस से पहले राजधानी दिल्ली में सुरक्षा व्यवस्था को अभेद्य बनाने के लिए रेलवे ने कड़ा और असाधारण कदम उठाया है।
उत्तर रेलवे ने दिल्ली क्षेत्र में चार दिनों तक पार्सल यातायात पर पूरी तरह रोक लगाने का ऐलान किया है। यह प्रतिबंध 23 जनवरी से 26 जनवरी तक लागू रहेगा।
पार्सल बुकिंग और पीकिंग दोनों होगी बंद :
आपकी जानकारी के लिए बता दें कि इस दौरान न तो पार्सल बुकिंग होगी, न पिकिंग और न ही लोडिंग-अनलोडिंग। रेलवे का साफ कहना है कि यह फैसला केवल सुरक्षा कारणों से लिया गया है, ताकि गणतंत्र दिवस समारोह बिना किसी बाधा और खतरे के संपन्न हो सके।
इन बड़े स्टेशनों पर पूरी तरह ‘नो-पार्सल ज़ोन’ :
उत्तर रेलवे के आदेश के मुताबिक दिल्ली क्षेत्र के सभी प्रमुख स्टेशन चार दिन तक पार्सल गतिविधियों से मुक्त रहेंगे। इनमें शामिल हैं -
नई दिल्ली रेलवे स्टेशन
दिल्ली जंक्शन
हजरत निजामुद्दीन रेलवे स्टेशन
आनंद विहार टर्मिनल
दिल्ली सराय रोहिल्ला
इन स्टेशनों पर पार्सल गोदाम बंद रहेंगे और प्लेटफॉर्म पर किसी भी तरह की पार्सल पैकेजिंग या हैंडलिंग नहीं की जाएगी।
सिर्फ दिल्ली नहीं, बाहर से आने वाली ट्रेनों पर भी असर :
आपको बता दें कि यह रोक सिर्फ दिल्ली से चलने या दिल्ली पहुंचने वाली ट्रेनों तक सीमित नहीं है।
अन्य डिवीजनों से होकर दिल्ली क्षेत्र में पार्सल लोडिंग या अनलोडिंग के लिए रुकने वाली ट्रेनों पर भी यह प्रतिबंध लागू रहेगा। यानी, राजधानी से जुड़ा हर पार्सल मूवमेंट चार दिन के लिए पूरी तरह ठप रहेगा।
यात्रियों को राहत, निजी सामान ले जा सकेंगे :
आपको बता दें कि हालांकि रेलवे ने यात्रियों को राहत देते हुए साफ किया है कि यात्री अपनी व्यक्तिगत सामग्री यात्री डिब्बों में ले जा सकेंगे। सभी औपचारिकताएं पूरी करने के बाद पंजीकृत समाचार पत्रों और पत्रिकाओं की बुकिंग की अनुमति रहेगी। इसके अलावा किसी भी तरह का व्यावसायिक पार्सल लेन-देन पूरी तरह प्रतिबंधित रहेगा।
क्यों लिया गया इतना सख्त फैसला?
रेलवे अधिकारियों के अनुसार, गणतंत्र दिवस के दौरान राजधानी में वीवीआईपी मूवमेंट, स्टेशनों और ट्रेनों पर अत्यधिक भीड़ और सुरक्षा एजेंसियों की हाई अलर्ट स्थिति को देखते हुए यह फैसला जरूरी माना गया। पार्सल ट्रैफिक रुकने से संदिग्ध वस्तुओं की आवाजाही पर रोक लगेगी और निगरानी व्यवस्था मजबूत होगी।
उत्तर रेलवे की अपील :
उत्तर रेलवे ने व्यापारियों, लॉजिस्टिक कंपनियों और आम नागरिकों से पूरा सहयोग करने की अपील की है। रेलवे का कहना है कि यह अस्थायी प्रतिबंध देश की सुरक्षा और राष्ट्रीय समारोह की गरिमा के लिए बेहद जरूरी है।
चार दिन तक दिल्ली के रेलवे स्टेशनों पर पार्सल सन्नाटा रहेगा।
यह फैसला कारोबार के लिए भले असुविधाजनक हो, लेकिन राष्ट्रीय सुरक्षा के लिहाज से इसे अनिवार्य कदम माना जा रहा है।