सुरक्षा : बारिश का मौसम आते ही खेतों, झाड़ियों और घरों के आसपास सांप निकलने की घटनाएं बढ़ जाती हैं। बिलों में पानी भरने के कारण सांप सुरक्षित और सूखी जगह की तलाश में इंसानी बस्तियों तक पहुंच सकते हैं। ऐसे में सर्पदंश की एक छोटी-सी घटना भी जानलेवा बन सकती है। सबसे जरूरी बात है कि सांप काटने के बाद घबराने के बजाय सही प्राथमिक मदद दी जाए और बिना देरी अस्पताल पहुंचाया जाए। भारत में सर्पदंश एक गंभीर सार्वजनिक स्वास्थ्य समस्या है। खासकर ग्रामीण और खेतिहर इलाकों में इसका खतरा अधिक रहता है। विशेषज्ञों के मुताबिक, हर सांप जहरीला नहीं होता, लेकिन आम व्यक्ति के लिए देखकर यह पहचानना मुश्किल है कि कौन-सा सांप खतरनाक है। इसलिए हर सर्पदंश को गंभीरता से लेना चाहिए।
सांप काटने पर दिख सकते हैं ये संकेत
आपको बता दें कि काटने वाली जगह पर दर्द, सूजन, जलन या खून आना शुरुआती लक्षण हो सकते हैं। जहरीले सांप के मामले में सूजन तेजी से बढ़ सकती है। इसके अलावा उल्टी, चक्कर, ज्यादा पसीना, धुंधला दिखाई देना, बोलने या निगलने में परेशानी, सांस लेने में दिक्कत, बेहोशी, पेशाब में खून या शरीर में कमजोरी जैसे गंभीर लक्षण दिखाई दे सकते हैं। ऐसे किसी भी संकेत पर इंतजार करना खतरनाक हो सकता है।
सांप काटे तो तुरंत करें ये 6 काम
मरीज को शांत रखें: घबराहट और ज्यादा शारीरिक गतिविधि से स्थिति बिगड़ सकती है।
चलने न दें: मरीज को बैठाएं या लिटाएं और अनावश्यक आवाजाही रोकें।
काटे गए अंग को स्थिर रखें: हाथ या पैर को आराम की स्थिति में रखें। जरूरत हो तो सहारा दें।
कसी चीजें हटा दें: अंगूठी, चूड़ी, कड़ा, जूते आदि निकाल दें, क्योंकि सूजन बढ़ सकती है।
तुरंत अस्पताल पहुंचाएं: ऐसे अस्पताल जाएं जहां इमरजेंसी सुविधा और एंटी-स्नेक वेनम उपलब्ध हो।
सुरक्षित हो तो सांप की पहचान में मदद लें: सांप को पकड़ने या उसके पास जाने की कोशिश बिल्कुल न करें। सुरक्षित दूरी से फोटो संभव हो तो मदद कर सकती है, लेकिन इसके लिए जोखिम न लें।
भूलकर भी न करें ये गलतियां
सर्पदंश के बाद घाव को काटना, जहर चूसना, रस्सी या टूनिकेट कसकर बांधना, मिट्टी या कोई लेप लगाना, बर्फ लगाना, झाड़-फूंक कराना या मरीज को दौड़ाकर अस्पताल ले जाना नुकसानदायक हो सकता है। खुद से एंटी-वेनम या कोई दवा देने की कोशिश भी न करें।
बारिश में यहां ज्यादा सावधानी जरूरी
विदित है कि खेत, घनी घास, झाड़ियां, लकड़ी-ईंट और कबाड़ के ढेर, भूसे के पास, पानी जमा होने वाली जगहों और चूहों वाले स्टोर रूम में विशेष सावधानी रखें। रात में बाहर निकलते समय टॉर्च और बंद जूते पहनें। जूते और कपड़े पहनने से पहले उन्हें अच्छी तरह झाड़कर देख लें।
घर में सांप दिखे तो बरतें सावधानी
सांप दिखने पर बच्चों और पालतू जानवरों को तुरंत दूर करें। उससे सुरक्षित दूरी बनाए रखें और कमरे का रास्ता सुरक्षित रूप से बंद कर रेस्क्यू टीम की मदद लें। सांप को मारने, पकड़ने, डंडे या पत्थर से हमला करने, आग या केमिकल डालकर भगाने की कोशिश न करें।
याद रखें कि सर्पदंश में सबसे बड़ा हथियार घरेलू नुस्खा नहीं, बल्कि सही प्राथमिक मदद और समय पर अस्पताल पहुंचना है।