यूपी RERA का 2009 करोड़ के 9 रियल-स्टेट प्रोजेक्ट्स का ऐलान!: बनेगी 1586 प्रीमियम यूनिट्स, नोएडा सबसे आगे तो वहीं...इन 6 जिलों में...
यूपी RERA का 2009 करोड़ के 9 रियल-स्टेट प्रोजेक्ट्स का ऐलान!

लखनऊ/नोएडा : उत्तर प्रदेश में रियल एस्टेट सेक्टर इस वक्त जबरदस्त रफ्तार पकड़ चुका है। यूपी RERA ने बुधवार को वो फैसला ले लिया है, जिसने पूरे उद्योग को हिला दिया है। करीब 2009 करोड़ रुपये के 9 नए प्रोजेक्ट्स को एक साथ मंजूरी दे दी गई है। ये प्रोजेक्ट लखनऊ, नोएडा, बाराबंकी, प्रयागराज, चंदौली और अलीगढ़ में विकसित होंगे। सबसे खास बात है कि सबसे बड़ा निवेश नोएडा में, जहां अकेले 1533 करोड़ का रियल एस्टेट बूम आने वाला है। रेरा की 189वीं बोर्ड बैठक की अध्यक्षता कर रहे चेयरमैन संजय भूसरेड्डी ने साफ कहा कि “इन परियोजनाओं से प्रदेश की GDP को नई ऊर्जा मिलेगी और हजारों नौकरियाँ पैदा होंगी।”

1586 नई यूनिट—फ्लैट, प्लॉट, विला; सब कुछ एक साथ :

आपको बता दें कि नई स्वीकृत परियोजनाओं में कुल 1586 आवासीय यूनिट शामिल होंगी। इनमें फ्लैट, विला, प्लॉट और मिक्स्ड-डेवलपमेंट प्रोजेक्ट सब शामिल हैं, यानी हर वर्ग के लिए कुछ न कुछ नया आने वाला है।

किस जिले में कितना निवेश? आंकड़े चौंकाने वाले :

जिला प्रोजेक्ट निवेश (रु. करोड़ में)
नोएडा 3 1533 करोड़
लखनऊ 1 283.76 करोड़
बाराबंकी 2 120.85 करोड़
प्रयागराज 1 11.47 करोड़
चंदौली 1 37.85 करोड़
अलीगढ़ 1 17.72 करोड़

यानी एनसीआर और पूर्वांचल दोनों में एक साथ गियर बदलने वाला है।

नोएडा और यमुना प्राधिकरण वाला इलाका खास क्यों? :

नोएडा और यमुना प्राधिकरण इसलिये खास है क्योंकि जेवर इंटरनेशनल एयरपोर्ट, यमुना एक्सप्रेसवे, फिल्म सिटी औऱ डेटा सेंटर हब ने इस जगह को देश का सबसे तेज़ी से उभरता रियल एस्टेट पॉवरहाउस बना दिया है।

रोजगार की बौछार, सिर्फ घर नहीं, हजारों जॉब भी बनेंगी :

आपको बता दें कि इन प्रोजेक्ट्स से सीधे और परोक्ष रूप से हजारों नौकरियाँ पैदा होंगी। साथ ही, कई उद्योगों में तेज़ी आएगी जैसे -

  • स्टील

  • सीमेंट

  • पेंट

  • टाइल्स

  • फर्नीचर

  • इलेक्ट्रिकल सामान

  • ट्रांसपोर्ट

  • फाइनेंस व बीमा सेक्टर

यानी निवेश सिर्फ बिल्डिंग में नहीं, पूरी अर्थव्यवस्था में दौड़ने वाला है।

क्यों बढ़ रहा है यूपी में निवेश? रेरा चेयरमैन ने खुद बताया कारण :

RERA के चैयरमैन संजय भूसरेड्डी के अनुसार यूपी में नीतियाँ पारदर्शी हुई हैं, कानून-व्यवस्था मजबूत हुई है, प्रशासन का रवैया निवेशक-फ्रेंडली है। कनेक्टिविटी प्रोजेक्ट्स ने भूमि मूल्य और मांग दोनों बढ़ाई है। यही वजह है कि देश-विदेश के डेवलपर्स उत्तर प्रदेश को अब रियल एस्टेट का नया सेंटर मान रहे हैं।

UP RERA का मिशन; तेज मंजूरी, पारदर्शी सिस्टम :

गौरतलब है कि UP RERA पिछले एक साल में स्वीकृतियों की स्पीड कई गुना बढ़ा चुका है। लक्ष्य साफ है कि फंसी परियोजनाओं को बाहर निकालना, नई परियोजनाओं की गति बढ़ाना, निवेशकों और खरीदारों दोनों को भरोसा देना है।

यूपी में रियल एस्टेट का सुनहरा दौर शुरू हो चुका है। 2009 करोड़ की इन 9 परियोजनाओं की मंजूरी ने साफ कर दिया है कि 2025-26 उत्तर प्रदेश रियल एस्टेट के लिए GOLDEN YEAR होने वाला है। नोएडा, लखनऊ, बाराबंकी, प्रयागराज, चंदौली और अलीगढ़। इन 6 जिलों में नए निर्माण की गूंज सुनाई देगी। इन जिलों में निवेश और रोजगार दोनों आएगा।

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